लालू प्रसाद को सांस में तकलीफ, किडनी सिर्फ 25 फीसदी कारगर, कई अंगों में एकसाथ आई समस्या

पटना : बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव की सेहत बेहद खराब हो गई है। उनकी पचीस फीसदी किडनी ही काम कर रही है। लंग्स में पानी है और पूर्व से हार्ट के मरीज होने की वजह से और भी काम्प्लीकेशन सामने आ रहे हैं। उनसे मिलने के लिये पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी, उनके दोनों बेटे तेजप्रताप यादव और तेजस्वी यादव आज पटना से रांची रवाना हुये हैं। रांची जाते हुये तेजस्वी ने मीडिया से बात की और लालू प्रसाद की सेहत के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि गुरुवार शाम में उनको सांस लेने में तकलीफ महसूस हुई और उसके बाद उनकी तबीयत बिगड़ने लगी। उनका कोरोना का टेस्ट कराया गया। हमलोगों को जानकारी दी गई है कि उनकी कोरोना टेस्ट की रिपोर्ट निगेटिव आई है। कई और तरह की जांच भी कराई गई है। सभी टेस्टों की रिपोर्ट का इंतजार हो रहा है।

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सरकार का फरमान

तेजस्वी यादव ने कहा कि उनकी बिगड़ती सेहत की जानकारी मिलने के बाद मेरी मां और हम दोनों भाई उनको देखने के लिये रांची जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि बढ़ती उम्र की वजह से भी उनको कई तरह की सेहत से जुड़ी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। उनकी किडनी का पचीस फीसदी हिस्सा ही काम कर रहा है। हार्ट का ऑपरेशन पहले ही हो चुका है। ऐसे में उनको सांस लेने में तकलीफ की समस्या सामने आने के बाद हम परेशान हैं। उम्मीद कर रहे हैं कि उनके सारे रिपोर्टस सकारात्मक आयेंगे और उनकी सेहत में जल्द से जल्द सुधार हो यही ईश्वर से कामना है। उन्होंने उनसे मुलाकात के सवाल पर कहा कि यह तो जेल के अधिकारी तय करेंगे लेकिन हमलोग उनके परिवार हैं और चूंकि समस्या पूरी तरह से इमरजेंसी वाली है इसलिये उम्मीद करते हैं कि उनसे जल्द से जल्द मिलना संभव हो सकेगा।
इधर बिहार की नीतीश सरकार के चुप रहने की चेतावनी पर उन्होंने कड़ी प्रतिक्रिया दी है। बिहार के आर्थिक अपराध इकाई के अपर पुलिस महानिदेशक नैयर हसनैन खान ने सरकार के सभी सचिवों को निर्देश जारी कर कहा है कि अगर सोशल मीडिया या इंटरनेट के किसी माध्यम पर सरकार, मंत्री, विधायक, सांसद या अफसरों के खिलाफ किसी भी तरह की आपत्तिजनक या अभद्र टिप्पणी की जा रही हो तो उसकी विस्तृत जानकारी आर्थिक अपराध इकाई को उपलब्ध करायें ताकि ऐसी टिप्पणी करनेवाले व्यक्ति या संगठन के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा सके। इस तरह की टिप्पणी कानून के विपरीत है और साइबर अपराध की श्रेणी में आते हैं। इस आदेश के जारी होने के बाद से बिहार में बवेला मचा है।

तेजस्वी यादव ने कहा कि नीतीश कुमार के इशारे पर ही इस तरह का कानून प्रभावी करने की कोशिश हो रही है। तेजस्वी यादव ने कहा कि लोकतंत्र की अवहेलना कर लोगों के मुंह पर ताला लगाने की मुहिम चलाई जा रही है। यह लोगों की अभिव्यक्ति की अवहेलना है। मैं कहना चाहूंगा कि बिहार में नीतीश कुमार भ्रष्टाचार के भीष्म पितामह हैं। और बिहार में अपराधियों का राज कायम हो गया है। सरकार लोगों की बेहतरी का काम नहीं कर रही है अलबत्ता लोगों को किसी भी तरह चुप कराने में लगी है ताकि लोगों के सामने सरकार की खामियां उजागर नहीं हो। यह बिलकुल गलत है।

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